‘देखो ओ दीवानों ये काम मत करो, राम का नाम बदनाम मत करो’; शशि थरूर ने संसद में सरकार को घेरा

केरल के तिरुवनंतपुरम से कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने सरकार की ओर से मनरेगा का नाम बदलने के लिए लोकसभा में लाए गए बिल का विरोध किया। थरूर ने मंगलवार को लोकसभा में कहा कि महात्मा गांधी के रामराज्य का विजन कहीं से भी राजनीतिक नहीं था। यह देश में चुनौतियों से जूझ रहे लोगों के सामाजिक और आर्थिक उत्थान से प्रेरित ब्लूप्रिंट था। सरकार मनरेगा का नाम बदलकर एक पुरानी विरासत को ही खत्म नहीं कर रही बल्कि राम राज्य की मूल भावना के खिलाफ भी काम कर रही है। मनरेगा की योजना आम लोगों के लिए उत्थान के लिए थी, राजनीति के लिए नहीं। थरूर ने सरकार पर निशाना साधते हुए कहा, “‘देखो ओ दीवानों ये काम मत करो, राम का नाम बदनाम मत करो’। शशि थरूर ने कहा कि मनरेगा का नाम बदलने का मामला कुछ ऐसा ही है। शशि थरूर ने कहा कि यह मामला राजकोषीय संघवाद (Fiscal Federalism) के उल्लंघन का मामला है। यह मतलब होता है राज्य सरकारों के बीच वित्तीय शक्तियों और संसाधनों का साफ-साफ बंटवारा। जब इस ढांचे में केंद्र सरकार द्वारा राज्यों के वित्तीय अधिकारों या स्वायत्तता में हस्तक्षेप किया जाता है, तो इसे ‘राजकोषीय संघवाद का उल्लंघन’ कहा जाता है।



