ट्रंप की विलय की धमकियों पर किंग चार्ल्स का जवाब- चुनौतियां बढ़ीं, लेकिन कनाडा एक मजबूत और आजाद देश

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की कनाडा को अमेरिका का 51वां राज्य बनाने की धमकियों के बीच किंग चार्ल्स का बड़ा बयान सामने आया है। कनाडा की संसद को संबोधित करते हुए किंग चार्ल्स ने कहा कि बेशक कनाडा एक मजबूत और आजाद देश है और कनाडा के लोगों को अपना लोकतंत्र, बहुलतावाद, कानून का शासन, स्वायत्ता, आजादी और अपने मूल्य बेहद प्यारे हैं और कनाडा की सरकार इन मूल्यों की रक्षा के लिए प्रतिबद्ध है।
‘दुनिया अब ज्यादा खतरनाक’
डोनाल्ड ट्रंप की कनाडा के विलय की धमकियों को लेकर इससे पहले किंग चार्ल्स ने सार्वजनिक तौर पर कुछ नहीं कहा था। ऐसे में कनाडा की नई सरकार के पहले संसद सत्र के उद्घाटन के अवसर पर किंग चार्ल्स के भाषण पर सभी की निगाहें थीं। किंग चार्ल्स ने भी कनाडा के लोगों की चिंताओं को समझा और अपने भाषण में ट्रंप का नाम लिए बगैर कनाडा की आजादी का पूरा समर्थन किया। किंग चार्ल्स ने कहा कि ‘कनाडा बेशक एक मजबूत और आजाद देश है।’ ट्रंप का नाम लिए बगैर किंग चार्ल्स ने कहा कि ‘एक देश, जिसे कनाडा के लोग और मैं बहुत प्यार करता हूं, उसने कनाडा के निर्यात पर टैरिफ लगाने का फैसला किया है। मुक्त व्यापार व्यवस्था ने कनाडा को दशकों तक समृद्ध बनाया है, लेकिन अब हालात बदल रहे हैं और हमें आंखें खोलकर रहना होगा। दुनिया अब ज्यादा खतरनाक और अस्थिर हो गई है।’ ब्रिटिश राजशाही में बीते 70 वर्षों में किंग चार्ल्स पहले राजा हैं, जिन्होंने कनाडा की संसद के उद्घाटन सत्र की अध्यक्षता की। कनाडा कॉमनवेल्थ का हिस्सा है। प्रधानमंत्री मार्क कार्नी ने किंग चार्ल्स को कनाडा आने का आमंत्रण दिया था। कनाडा की सीनेट में जब किंग चार्ल्स ने अपना संबोधन दिया, उस वक्त कई पूर्व प्रधानमंत्री, सुप्रीम कोर्ट के जज और वरिष्ठ नेता भी सीनेट में मौजूद रहे। आमतौर पर कनाडा की संसद के उद्घाटन सत्र को किंग के प्रतिनिधि गवर्नर जनरल द्वारा संबोधित किया जाता है, लेकिन इस बार खुद किंग चार्ल्स कनाडा पहुंचे।
ट्रंप ने फिर दी धमकी
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने मंगलवार को अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ सोशल पर एक पोस्ट साझा की, जिसमें ट्रंप ने कनाडा को अपने प्रस्तावित गोल्डन डोम मिसाइल रक्षा प्रणाली का हिस्सा बनने की पेशकश की। ट्रंप ने लिखा कि ‘मैंने कनाडा से कहा, अगर वे हमारे शानदार गोल्डन डोम सिस्टम का हिस्सा बनना चाहते हैं तो अगर वे अलग राष्ट्र बने रहते हैं तो इसकी कीमत 61 अरब डॉलर होगी, लेकिन अगर कनाडा, अमेरिका का 51वां राज्य बन जाता है तो इसकी लागत शून्य होगी। ट्रंप के इन दावों पर अभी तक कनाडा की प्रतिक्रिया नहीं आई है।



