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‘जांच से संतुष्ट नहीं, सरकार करे सख्त कार्रवाई’, विमान हादसे में बेटे को खोने वाले पिता की गुहार

अहमदाबाद विमान हादसे में जान गंवाने वाले 19 वर्षीय छात्र संकेत गोस्वामी के पिता अतुल गोस्वामी ने एयरक्राफ्ट एक्सीडेंट इन्वेस्टिगेशन ब्यूरो (एएआईबी) की प्रारंभिक रिपोर्ट से असंतुष्टि जताई है। अपनी पीड़ा जाहिर करते हुए अतुल गोस्वामी ने केंद्र सरकार से मामले की गहराई से जांच की मांग की है। उन्होंने कहा कि उन्हें एएआईबी की प्राथमिक रिपोर्ट पर भरोसा नहीं है।अतुल गोस्वामी ने एएनआई से बात करते हुए भावुक अंदाज में कहा मेरा बेटा सिर्फ 19 साल का था… हम लोग उसी पर निर्भर थे। उन्होंने कहा कि वो तीन साल के लिए लंदन जा रहा था पढ़ाई के लिए, और हम सबका सपना था कि वो आगे बढ़े। लेकिन अब हमारा पूरा परिवार टूट गया है। एएआईबी की रिपोर्ट पर नाराजगी जताते हुए कहा कि हम इस रिपोर्ट से बिल्कुल संतुष्ट नहीं हैं। हम सरकार से अनुरोध करते हैं कि इस हादसे की पूरी, निष्पक्ष और गहराई से जांच कराई जाए और जो भी जिम्मेदार हो, उस पर सख्त कार्रवाई की जाए। बता दें कि इस दर्दनाक हादसे ने संकेत के पूरे परिवार को गहरा झटका दिया है। पिता का कहना है कि संकेत परिवार की उम्मीद था, और उसकी मौत ने उनकी जिंदगी ही बदल दी है। हादसे के एक महीने के बाद एएआईबी ने बीते शनिवार को 15 पन्नों की प्रारंभिक रिपोर्ट जारी किया। रिपोर्ट में बताया गया कि टेकऑफ के कुछ ही सेकंड के बाद दोनों इंजनों के फ्यूल कटऑफ स्विच बंद हो गया। ये स्विच एक-दूसरे के बीच सिर्फ एक सेकंड के अंतर में बंद हुए। इतना ही नहीं रिपोर्ट में इस बात का भी जिक्र है कि जब इंजन बंद हुआ तो उस वक्त एक पायलट ने दूसरे से पूछा कि तुमने स्विच बंद क्यों किया? दूसरा पायलट कहता है कि मैंने बंद नहीं किया।
दूसरा इंजन नहीं हो सका शुरू
रिपोर्ट में ये भी बताया गया कि विमान के इंजन बंद होते ही विमान की आपात स्थिति में बिजली देने वाला सिस्टम राम एयर टरबाइन (आरएटी) चालू हुआ, लेकिन विमान की ऊंचाई तेजी से गिरने लगी। दोनों इंजनों को दोबारा चालू करने की कोशिश की गई, जिसके बाद पहले इंजन में थोड़ी बहुत ताकत लौटी, लेकिन दूसरा इंजन दोबारा शुरू नहीं हो सका।
अहमदाबाद विमान हादसा
गौरतलब है कि 12 जून का वो काला दिन, जब अहमदाबाद से लंदन जा रही एअर इंडिया की फ्लाइट AI171 हादसे का शिकार हो गई। हादसा इतना भयावह था कि कुछ ही सकेंडों में 260 लोगों की जान चली गई। मृतकों में 229 यात्री, 12 क्रू सदस्य और 19 जमीन पर मौजूद लोग शामिल थे। देशभर को इस हादसे ने झकझोर कर रख दिया था। पीड़ित परिवार आज भी इस हादसे के सदमे से उबर नहीं पाए हैं।

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