‘चुनाव आयोग और भाजपा मिलकर कर रहे वोट चोरी’, एक बार फिर राहुल गांधी ने लगाए गंभीर आरोप

बिहार में होने वाले विधानसभा चुनाव से पहले मतदाता सूची की विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) को लेकर राजनीतिक गर्माहट तेज हो गई है। इसी सिलसिले में बयानबाजी तेज तब हो गई जब कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने चुनाव प्रणाली पर गंभीर सवाल उठाते हुए एक बार फिर भाजपा और चुनाव आयोग (ईसी) पर बड़ा हमला बोला है। शुक्रवार को अपने यूट्यूब चैनल पर एक वीडियो जारी कर राहुल ने आरोप लगाया कि देश में चुनाव चोरी हो रहे हैं और इसमें भाजपा को चुनाव आयोग का पूरा सहयोग मिल रहा है। राहुल गांधी ने विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) को संस्थागत चोरी करार देते हुए कहा कि इसका असली मकसद गरीबों के वोटिंग अधिकार को छीनना है। राहुल ने कहा सच्चाई यह है कि भारत में चुनाव आयोग और भाजपा मिलकर चुनाव चुरा रहे हैं। हमने उनकी चोरी पकड़ ली है, इसीलिए अब एसआईआर लाया गया है। उन्होंने कहा कि एसआईआर का असली उद्देश्य गरीबों को वोट देने से रोकना है। राहुल गांधी ने यह भी दावा किया कि अगर भाजपा के पास 10-15 सीटें कम होतीं, तो नरेंद्र मोदी दोबारा प्रधानमंत्री नहीं बनते और आज इंडिया गठबंधन की सरकार होती। राहुल ने बताया कि जब उन्होंने और उनके सहयोगियों ने चुनाव आयोग से वोटर लिस्ट और पोलिंग बूथ की वीडियो रिकॉर्डिंग मांगी, तो उन्हें कुछ नहीं दिया गया। उन्होंने कहा कि इससे यह शक और गहराया कि चुनाव आयोग भाजपा के साथ मिलकर काम कर रही है। अपने वीडियो को एक्स पर शेयर करते हुए राहुल गांधी ने लिखा: वोट चोरी सिर्फ चुनावी घोटाला नहीं है, यह संविधान और लोकतंत्र के खिलाफ बहुत बड़ा अपराध है। देश के अपराधियों को सुन लेना चाहिए वक्त बदलेगा, सजा जरूर मिलेगी।
कांग्रेस नेता ने इससे पहले गुरुवार को एक वीडियो के माध्यम से चुनाव आयोग को लेकर बड़े-बड़े दावे किए थे। उन्होंने कर्नाटक की बंगलूरू सेंट्रल लोकसभा सीट के अंतर्गत आने वाले महादेवपुरा विधानसभा क्षेत्र का उदाहरण देते हुए कहा कि वहां 1,00,250 वोट चोरी हुए। उन्होंने बताया कि यह चोरी 5 अलग-अलग तरीकों से की गई, जिसमें डुप्लीकेट वोटर के 11,965, फर्जी या गलत पते वाले वोटर के 40,009, एक ही पते पर दर्ज सैकड़ों वोटर के 10,452, गलत फोटो वाले वोटर के 4,132 इसके साथ ही फॉर्म-6 का गलत इस्तेमाल के 33,692 मामले है।



