वैज्ञानिकों ने एआई की मदद से बनाई ‘यूनिवर्सल वैक्सीन’, कोई भी वायरस हो ये सब पर असरदार

बीते वर्षों में वैश्विक स्तर पर कई प्रकार की संक्रामक बीमारियों का खतरा देखा गया। साल 2020-23 तक कोरोना महामारी हो या फिर मौजूदा समय में नया खतरा बनकर उभर रहा इबोला वायरस, ये सभी स्वास्थ्य व्यवस्था के लिए गंभीर चिंता का कारण रहे हैं। इन वायरल रोगों से बचाव के लिए वैक्सीन को सबसे प्रभावी तरीका माना जाता रहा है। कोरोना के दौर में वैज्ञानिकों की टीम ने काफी तेजी से टीके बनाकर लोगों का जान बचाई, हालांकि इबोला को लेकर सबसे बड़ी चिंता ही यही है कि इसके मौजूदा स्ट्रेन से सुरक्षा के लिए कोई वैक्सीन उपलब्ध नहीं है। इस बीच कई अध्ययन लगातार इस बात को लेकर भी अलर्ट करते रहे हैं कि जिस तरह से जानवरों और इंसानों का संपर्क बढ़ता जा रहा है, इसने जूनोटिक रोगों को अब काफी आम कर दिया है। ऐसे में हमें भविष्य में और भी खतरनाक संक्रामक रोगों को लेकर अलर्ट रहने की जरूरत है। अब कल्पना कीजिए एक ऐसी दुनिया की, जहां वायरस के फैलने का इंतजार न करना पड़े, न ही हर बार नई महामारी आने पर डर के साए में जीना पड़े। वैज्ञानिक और डॉक्टर हमेशा वायरस के पीछे-पीछे भागने के बजाय, एक कदम आगे हों। कैम्ब्रिज यूनिवर्सिटी के वैज्ञानिकों ने अब इसी दिशा में एक ऐसी खोज का दावा किया है, जो आने वाले समय में पूरी दुनिया की स्वास्थ्य व्यवस्था को बदल सकती है। वैज्ञानिकों का दावा है कि उन्होंने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) की मदद से एक ऐसी यूनिवर्सल वैक्सीन तैयार कर ली है, जो हजारों प्रकार के वायरस और उनके तमाम वैरिएंट्स के खिलाफ सुरक्षा दे सकती है।




